हेलो फ्रेंड्स कैसे हो आप सब मैं उम्मीद करता हु की अपने इससे पहले के मेरे सारे ब्लॉग्स को पढ़ रखा होगा। तो फ्रेंड्स ये पहला प्यार वाले ब्लॉग का दूसरा पार्ट है तो पढिये और एन्जॉय कीजिये।
 
    लास्ट पार्ट मे मैं क्लास में बैठ कर रोने लग गया था उसके बाद मेरे को बड़ा डर लग रहा था कुयक़ी उसने कहा था कि मैं अपने भैया को बुलाऊंगी और तुमको पितवाउंगी। मध्यावकाश खत्म हो गया और मैने क्लास का दरवाजा खोल दिया सारे बच्चे आ गए क्लास मे और बैठने लग गए।
थोड़ी देर बाद सर आये और पढ़ाने लगे। उसके बाद पढ़ाई खत्म होने के बाद छुट्टी हो गयी ओर वो मेको घूरने लग गयी।
मेने कुछ नही बोला और घर चला गया।
 फिर अगले दिन मैं स्कूल गया तो वो आयी हुई थी कह रही थी शाम को आएंगे भैया मेरे मेने कहा तो अब मैं क्या करू जब मैं तुमसे प्यार ही नही करता तो क्यों बोलू मैं।
तब तक मेरी गुड फ्रेंड आ गयी जिससे मैं प्यार करता था।वो पूछने लगी क्या हुआ क्यों रो रहा है मैंने कहा ये अपने भैया को ला रही है पिटवाने के लिए तो मेरी फ्रेंड ने कहा क्यों तो मैने कहा ये मेरे से प्यार करती है लेकिन मैं नही करता इसको प्यार तो ये मेरे पीछे पड़ी हुई है और डरा रही है कि अपने भैया से पितवाउंगी।
फिर मेरी फ्रेंड ने उसको समझाया कि प्यार उसी से करना चाहिए जो तुमसे करे ना कि तुम उससे करो। और प्यार तो ऐसी चीज है जो जबरदस्ती से नही की जाती बल्कि खुद ब खुद हो जाती है। मेरी फ्रेंड्स ने उसको काफी समय तक समझया तब जाकर वो मान गयी और मेरे को सॉरी बोलने लगी मेने कहा कोई बात नही तुम्हे realize हो गया ये बहुत बड़ी बात है । ऐसा करके हम दोनों ने उसको समझा लिया और फाइनली वो मान गयी।
    और मैं पीटते पीटते बच गया। और वो भी मेरी अच्छी दोस्त बन गयी लेकिन दुख मेरे को इस बात का हुआ कि मैं अपनी फ्रेंड को कभी प्रोपोज़ नही कर पाया।
 
   लेकिन कहने वाले ने भी क्या कहा है कि "जो किस्मत में होती है वो खुद आ जाती है मेहनत नही करनी पड़ती और जो किस्मत मे नही होती वो आके भी चली जाती है"।


       तो फ्रेंड्स आई होप आपको मेरा यह ब्लॉग अच्छा लगा होगा। मेरा ब्लॉग डेली पढ़ने के लिए मेरे वेबसाइट के नोटिफिकेशन को ऑन करर दे।