बात उन दिनों की है जब मैं कक्षा पाँचवी मैं पढ़ता था।
हमारे स्कूल मे वार्षिक उत्सव मनाया जा रहा था। उससे पहले ही टीचर्स ने सभी बच्चो को कह दिया था कि सबको वार्षिक उत्सव मैं भाग लेना ही है।
सारे बच्चे थोड़ी देर के लिए डर से गये लेकिन वो फिर नार्मल हो गए लेकिन मैंने कभी भी नही किया था डांस तो मेरी वात लगी हुई थी ।
उसके बाद टीचर्स ने सबको कहा कुर्ता पजामा कलको बैग मैं रख के लाएंगे ओर सभी मध्यावकाश के बाद डांस की तैयारी करेंगे।
मेरा तो बिल्कुल भी मन नही था मैं बहुत उदास था।
फिर मैंने पापा से कह के कुर्ता पजामा मंगाया ओर उसको स्कूल ले कर गया।
फिर मध्यावकाश के बाद सभी बच्चो को ग्राउंड मैं बुला कर डांस के मूव्स सिखाये गये। मेने अपना कुर्ता पजामा स्कूल मे ही छोड़ दिया कुयक़ी मेको बहुत डर लग रहा था इसलिए।
फिर मेने एक तरकीब लगाई डांस ना करने की।
मेने अपना कुर्ता पजामा स्कूल के आफिस मैं एक कोने मैं छुपा दिया ताकि किसीको पता ना चले।
उसके बाद सारा कार्यक्रम सुरु हुआ टीचर ने कहा कि चलो बच्चो अपने अपने कुर्ता पजामा पहन के रेडी हो जाओ।
मैं टीचर के पास गया और मैने कहा मेरा कुर्ता पजामा चोरी हो गया है🤣🤣🤣🤣
टीचर ने मेरी बात सुनी और डांटने लगी और कहा कैसे खो दिया तुमने अपना कुर्ता मैने कहा यही तो रखा था पता नही किसने ले लिया।
Mam ने कहा ठीक है तुम मत करना फिर परफॉर्म
मैं तो यही चाहता था कि मैं परफॉर्म ना करू मैं बड़ा खुस हो गया ओर बच्चो के पफोमानस को मजे से देखने लगा।
So friends agar apko meri yeh story pasand aayi to plese daily mere blog ko padna ..
Mere blog ko padne ke lie
Apka bahut bahut dhanyavaad.






4 टिप्पणियाँ
kuch matra asud h baki must h
जवाब देंहटाएंIske lie meko khed h but next blog mai ek b mistake naa ho esa krunga thik h
हटाएंMza nhi aaya,
जवाब देंहटाएंThode dino mai aa jyega
हटाएंIf you have any doubts plese let me known.